आगरा, 7 नवंबर 2026: आगरा जिले के परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत करीब 7,500 शिक्षकों के शैक्षिक और नियुक्ति संबंधी प्रमाणपत्र विशेष जांच के दायरे में हैं। उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद शासन स्तर पर सत्यापन की प्रक्रिया तेज की गई है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राकेश कुमार सिंह ने खंड शिक्षाधिकारियों और प्रधानाध्यापकों को शिक्षकों के दस्तावेज जुटाने के निर्देश दिए हैं।
आज तक दस्तावेज जुटाने का निर्देश
दैनिक जागरण की 5 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार शिक्षकों से हाईस्कूल, इंटरमीडिएट, स्नातक, बीएड और अन्य प्रशिक्षण से जुड़े प्रमाणपत्रों के साथ नियुक्ति और ज्वाइनिंग संबंधी अभिलेख मांगे गए हैं। इन्हें 7 नवंबर तक खंड शिक्षाधिकारियों को उपलब्ध कराने की समयसीमा तय की गई थी। दीपावली के बाद अभिलेख एसटीएफ को सत्यापन के लिए सौंपे जाने की बात कही गई है।
जांच का उद्देश्य शैक्षिक योग्यता और नियुक्ति से संबंधित दस्तावेजों की प्रामाणिकता की पड़ताल करना है। इसका अर्थ यह नहीं है कि जांच के दायरे में आए सभी शिक्षक दोषी हैं या उनके प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए हैं। किसी भी कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई दस्तावेजों की जांच और नियमानुसार प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तय होगी।
बीएसए कार्यालय के पुराने रिकॉर्ड भी जांच में महत्वपूर्ण
रिपोर्ट में बीएसए कार्यालय के एक कमरे का भी उल्लेख है, जहां शिक्षकों के महत्वपूर्ण अभिलेख रखे होने की बात कही गई थी। 8 अक्टूबर 2019 को कार्यालय के एक कमरे में आग लगने के बाद रिकॉर्ड की स्थिति को लेकर सवाल उठे थे। इसके बाद एसआईटी जांच हुई, लेकिन आग लगने के कारण और अभिलेखों को हुए नुकसान की पूरी स्थिति सामने नहीं आ सकी। अब बंद कमरे और उपलब्ध दस्तावेजों की जांच भी प्रक्रिया का हिस्सा हो सकती है।
शिक्षकों और स्कूलों को क्या करना होगा?
शिक्षकों को अपने मूल शैक्षिक प्रमाणपत्र, नियुक्ति आदेश, सेवा संबंधी रिकॉर्ड और प्रशिक्षण दस्तावेज सुरक्षित रखने चाहिए। स्कूल प्रमुखों को विभागीय निर्देशों के अनुसार रिकॉर्ड संकलित कर समय पर संबंधित अधिकारी को देना है। किसी दस्तावेज में त्रुटि होने पर उसे छिपाने के बजाय विभाग से आधिकारिक मार्गदर्शन लेना चाहिए।
आगरा से जुड़ी अन्य खबर पढ़ें: जनगणना ड्यूटी से अनुपस्थित 124 कर्मियों पर FIR के आदेश।
स्रोत
दैनिक जागरण की रिपोर्ट | आगरा भारत की रिपोर्ट
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
आगरा में कितने शिक्षकों के प्रमाणपत्र जांच के दायरे में हैं?
रिपोर्ट के अनुसार जिले के करीब 7,500 परिषदीय शिक्षक जांच के दायरे में हैं।
क्या सभी शिक्षकों पर कार्रवाई होगी?
नहीं। अभी दस्तावेजों का सत्यापन होना है। आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और नियमों के आधार पर होगी।
ऐसी ही ताज़ा और विश्वसनीय खबरों के लिए DLP News TV24 से जुड़े रहें।
हमारे YouTube चैनल को Subscribe करें और Facebook व X पर Follow करें। रोज़ की खबरें सीधे मोबाइल पर पाने के लिए WhatsApp News Group से जुड़ें।
वेबसाइट: dlpnewstv.com | YouTube: @dlpnewstv
Facebook: facebook.com/dlpnewstv | X: @dlpnewstv
WhatsApp News Group: ताज़ा अपडेट पाने के लिए यहाँ जुड़ें

