
सोने की कीमतों में शहरों के बीच बड़ा अंतर, राष्ट्रीय रेफरेंस रेट की मांग तेज
Business News: देश में सोने की कीमतों को लेकर असमंजस की स्थिति बनती जा रही है। हाल ही में जयपुर में 10 ग्राम सोने की कीमत 1.68 लाख रुपये दर्ज की गई, जबकि मुंबई में यही कीमत 1.63 लाख रुपये रही।
इस तरह 10 ग्राम सोने की कीमत में 5 हजार रुपये और एक किलो में करीब 5 लाख रुपये का अंतर सामने आने से खरीदारों के बीच भ्रम की स्थिति बन गई है।
🔹 राष्ट्रीय रेफरेंस रेट की जरूरत क्यों?
कीमतों में इस बड़े अंतर को देखते हुए देश में सोना-चांदी के लिए सरकारी ‘राष्ट्रीय संदर्भ दर’ (National Reference Rate) लागू करने की मांग तेज हो गई है।
फिलहाल देश के अधिकांश शहरों में सोने और चांदी की खुदरा कीमतें मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) के वायदा सौदों के आधार पर तय की जा रही हैं।
🔹 एमसीएक्स रेट पर भी पारदर्शिता का सवाल
बुलियन कारोबार से जुड़े जानकारों का कहना है कि एक्सचेंज के रेट में भी पूरी पारदर्शिता नहीं है। इसके चलते एक्सचेंज और बुलियन डीलर्स अलग-अलग शहरों में अपनी सुविधा के अनुसार प्रीमियम जोड़कर कीमत तय कर रहे हैं।
जानकार बताते हैं कि चीन, तुर्की और दुबई जैसे देशों में सोने-चांदी के आधिकारिक सरकारी रेट जारी किए जाते हैं, जिससे बाजार में एकरूपता बनी रहती है।
🔹 कीमतों में तेज उछाल से टैक्स कलेक्शन बढ़ा
जयपुर सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी के अध्यक्ष मित्तल के अनुसार, सोने और चांदी की कीमतों में अप्रत्याशित बढ़ोतरी से पिछले डेढ़ साल में सरकार को मिलने वाला टैक्स भी बढ़ा है।
आंकड़ों के अनुसार इस अवधि में सोने की कीमत में करीब 98% और चांदी में लगभग 73% की वृद्धि दर्ज की गई है।
🔹 एक्सपर्ट व्यू: रेफरेंस रेट से मुनाफाखोरी रुकेगी
डॉ. संजय जोशी, रीजनल मेंबर, जेम्स ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल का कहना है कि:
“राष्ट्रीय रेफरेंस रेट लागू होने से ग्राहकों को मुनाफाखोरी से राहत मिलेगी। बुलियन डीलर्स की मोनोपोली टूटेगी और पेपर ट्रेडिंग का असर भी नियंत्रित होगा। रेफरेंस रेट से कमोडिटी एक्सचेंज, बुलियन डीलर्स और खरीदार सभी एक ही पेज पर आ सकेंगे।”
कमोडिटी बाजार से जुड़ी अधिकृत जानकारी MCX की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है। यहां देखें
📌 व्यापार, सर्राफा बाजार और आर्थिक खबरों के लिए जुड़े रहें:
विश्वसनीय बिजनेस अपडेट के लिए
DLP NewsTV


